श्री दि.जैन अतिशय क्षेत्र सिंहनगड़ी ज्वालामालिनी, कर्नाटक


Posted on 19-Sep-2026 06:12 PM


ऐतिहासिकता

मंदिर 13वीं शताब्दी का है। जनश्रुति के अनुसार एक स्वामीजी ज्वालामालिनी एवं अन्य प्रतिमाओं को सुरक्षित स्थान पर ले जा रहे थे उन्हें यहां शेर एवं गाय एक ही स्थान पर खेलते एवं रहते दिखें। स्वामीजी ने इस स्थान को प्रतिमा स्थापना हेतु योग्य समझा, इसलिए इस स्थान को सिंहनगुड्डी कहते हैं। कन्नड में सिंह अर्थात शेर एवं गुड्डी अर्थात खेत। रविवार ज्वालामालिनी का विशेष दिन है। इस दिन विशेष पूजा होती है।

होम्बुज -70 कि.मी., बालेहोन्नुर वीर शैवा लिंगायत मठ - 35 कि.मी., हिन्दू अंगेरी शारदा मंदिर -50 कि.मी., ओगुम्बे सनसेट पाइंट - 45 कि.मी.

जय जिनेन्द्र बन्धुओं, यदि आपके पास इस क्षेत्र के सम्बन्ध में ऊपर दी हुई जानकारी के अतिरिक्त अन्य जानकारी है जैसे गूगल नक्षा एवं फोटो इत्यादि तो कृपया आप उसे नीचे कमेंट बॉक्स में लिखें| यदि आप इस क्षेत्र पर गए है तो अपने अनुभव भी लिखें| ताकि सभी लाभ प्राप्त कर सकें| 


अन्य जानकारी

श्री दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र सिंहनगड़ी ज्वालामालिनी

पोस्ट एवं तहसील नरसिंहराजपुर, जिला चिकमंगलूर (कर्नाटक) पिन-577134

आवास - कमरे (अटैच बाथरूम) - 25 हाल-3 (यात्री क्षमता - 400) क्षेत्र के सामने नया समुदाय भवन है।

पहुँचने का सरलतम मार्ग - शिमोगा - श्रृंगेरी रूट वाया शिमोगा हुम्बलेबेल-एनआरपुर कोप्पा श्रृंगेरी

निकटतम प्रमुख नगर - शिमोगा - 55 कि.मी., एनआरपुर- 2 कि.मी.

संस्था - श्री सिंहनगड़ी जैन मठ, भट्टारक श्री लक्ष्मीसेन पट्टाचार्य स्वामीजी

तीर्थ क्षेत्र : अतिशय क्षेत्र
पता : श्री दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र सिंहनगड़ी ज्वालामालिनी, एवं तहसील नरसिंहराजपुर, नरसिंहराजपुर, चिकमंगलूर, कर्नाटक, 577134

Nearby Tirth Places